स्वामी शरणानन्द को यादव कल्याण सभा की अश्रुपूर्ण श्रध्दांजलि

यादव कल्याण सभा रेवाड़ी के कार्यकारिणी सदस्यों की बैठक में अहीरवाल क्षेत्र के सनातन संस्कृति के संवाहक एवं आध्यात्मिक संत शिरोमणि स्वामी शरणानन्द महाराज के ब्रह्मलीन हो जाने पर उन्हें अश्रुपूर्ण श्रध्दांजलि दी गई। सभा के कार्यकारिणी सदस्य रहे क्षेत्र के गांव छव्वा में पैदा हुए लालाराम यादव के आकस्मिक निधन पर सभा ने उन्हें भी नमन किया।  सभा प्रधान रामबीर सिंह यादव ने बताया कि स्वामी शरणानन्द  क्षेत्र के प्रखर आध्यात्मिक स्तम्भ थे. दक्षिणी हरियाणा के महान संत बाबा खेतानाथ और स्वामी सोमानन्द जी की विचारधाराओं को अपने जीवन में आत्मसात कर उनके सच्चे शिष्य सिध्द हुए। उनके उपदेशों को अपने जीवन में आत्मसात करना ही उनको दी गई श्रद्धाजंलि सार्थक  होगी। सभा संरक्षक प्रो. रणबीर सिंह यादव ने कहा कि स्वामी जी 2010 से सभा के मुख्य संरक्षक रहे हैं। सभा की सभी नीतियों का निर्धारण कर हमें आदेश देते थे। स्वामी जी के निधन से सभा स्वयं को अनाथ महसूस कर रही है। सभा प्रवक्ता डॉ. कँवर सिंह यादव ने बताया कि यादव कल्याण सभा जब से अस्तित्व में आई है तब से सभा के पदाधिकारियों के चुनाव स्वामी जी की अध्यक्षता में हुए हैं। स्वामी जी ने जिस सदस्य को नामित कर दिया सभा के सभी सदस्यों ने उनका समर्थन कर उस सदस्य को निर्विरोध रूप सभा का अध्यक्ष बनाया।  इसी प्रकार कार्यकारिणी सदस्य भी स्वामी जी के आदेशानुसार निर्विरोध चुने गए। यह दर्शाता है कि यादव समाज स्वामी जी को अपना कुलगुरु मानता है। डॉ. आई एस खैरवाल के कथनानुसार स्वामी जी समभावदर्शी संत थे क्षेत्र के सभी धर्मों एवं जाति के लोग उनके अनुयायी हैं। सभा संरक्षक बाबू जगजीतसिंह यादव ने बताया कि स्वामी जी राजनीति से कोसों दूर रहते थे. वे किसी भी राजनेता के दरबार में नहीं गए बल्कि सभी दलों के नेता उनसे आशीर्वाद लेने उनके आश्रम में आते थे। सभा महासचिव डॉ. एल एस यादव के अनुसार स्वामी जी अपने प्रवचनों में सामाजिक बुराइयों को दूर करने और लड़कियों की शिक्षा पर अधिक जोर देते थे। महासचिव   रि. डीइओ जसवंत सिंह यादव के कथनानुसार स्वामी जी ने अलवर जिले में लड़कियों का छात्रावास बनवा कर नारी शिक्षा को गति प्रदान की। उषा आर्य ने बताया कि स्वामी जी ने हवन-यज्ञ परम्परा को बनाए रखने पर बल दिया. क्षेत्र का शायद ही कोई गाँव ऐसा हो जहाँ स्वामी जी ने स्वंय जाकर यज्ञ न करवाया हो.। इस अवसर पर अमरसिंह यादव, जगतसिंह यादव,माँ. समय सिंह,डॉ. रामौतार यादव, गोकलराम यादव, रामसिंह यादव, मुकेश यादव आदि सभा के कार्यकारिणी सदस्य उपस्थित रहे.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *