पश्चिम बंगाल पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (STF) ने पाकिस्तान समर्थित आतंकी मॉड्यूल के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए संदिग्ध आतंकी हमीम मंडल की प्रेमिका और मुख्य सहयोगी अर्पिता सरकार को झारखंड के साहिबगंज से गिरफ्तार किया है।
जांच एजेंसियों के अनुसार, यह मॉड्यूल दिल्ली के जंतर-मंतर पर पुलिस वर्दी पहनकर उपद्रव मचाने, राज्य के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी की रेकी करने और प्रभावशाली नेताओं को ‘हनीट्रैप’ में फंसाने की साजिश रच रहा था।
दिल्ली के जंतर-मंतर पर उपद्रव की थी योजना
एसटीएफ के आईजी गौरव शर्मा ने बताया कि बर्धमान से गिरफ्तार किए गए हमीम मंडल को पाकिस्तानी आकाओं से सोशल मीडिया और एन्क्रिप्टेड ऐप्स के जरिए निर्देश मिल रहे थे।
हमीम को पुलिस की वर्दी खरीदकर दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे छात्र विरोध प्रदर्शन के बीच घुसपैठ करने और वहां गड़बड़ी फैलाने का काम सौंपा गया था।
आरोपी को पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी के काफिले, उनकी सुरक्षा और मूवमेंट पर नजर रखने के लिए कहा गया था।
‘हनीट्रैप’ और ब्लैकमेलिंग में शामिल थी अर्पिता
झारखंड के साहिबगंज (बारहरवा) की रहने वाली और सोशल मीडिया पर एक्टिव अर्पिता सरकार को बर्धमान कोर्ट में पेश कर 13 दिनों की एसटीएफ हिरासत में भेज दिया गया है।
STF अधिकारी ने कहा, “अर्पिता प्रभावशाली राजनीतिक हस्तियों और अधिकारियों से संपर्क बनाकर उनकी निजी जानकारियां जुटाती थी। उसने हाल ही में झारखंड/बंगाल के एक वरिष्ठ मंत्री के बेटे को हनीट्रैप कर अपहरण और रंगदारी वसूलने की साजिश रची थी।”
पाकिस्तानी हैंडलर्स और विदेशी सिम कार्ड का खुलासा
जांच में सामने आया है कि हमीम और अर्पिता पिछले 4 साल से एक-दूसरे को जानते थे। पिछले 4-5 महीनों से वे पाकिस्तानी हैंडलर्स के सीधे संपर्क में थे।
- अबीर जट333, उजैर, राणा और हमाद नाम के एकाउंट्स से निर्देश मिल रहे थे।
- इन हैंडलर्स के पाकिस्तान के शहजाद भट्टी गैंग से जुड़े होने का शक है।
- बातचीत के लिए WhatsApp, Telegram के अलावा Element X और Session जैसे एन्क्रिप्टेड ऐप्स का इस्तेमाल हो रहा था।
- आरोपियों के पास से ब्रिटेन और मेक्सिको के जारी किए गए अंतरराष्ट्रीय सिम कार्ड बरामद हुए हैं।
STF का कहना है कि जांच अभी शुरुआती चरण में है और आने वाले दिनों में इस सीमा पार नेटवर्क से जुड़े कई और लोगों की गिरफ्तारियां हो सकती हैं।