कोसली भाजपा उम्मीदवार ने उठाया परिसीमन का मुददा

2009 का परिसीमन मत भूलो, हुडडा ने हमारी कोसली के कई टुकड़े कर दिए: अनिल


रणघोष अपडेट. कोसली

भाजपा उम्मीदवार अनिल डहीना का अभियान चरम पर है। वे अब कांग्रेस सरकार में कोसली क्षेत्र की अस्मिता पर हुए हमले को लेकर आक्रमक हो गए है। सभाओं को संबोधित करते हुए इस युवा नेता ने कहा की हमें 2009 में किए गए परिसीमन के दौर को  नही भूलना चाहिए। उस समय की हुडडा कांग्रेस सरकार ने एक सोची समझी साजिश के तहत अहीरवाल के जगह जगह टुकड़े करने में कोई कमी नही छोड़ी ताकि यहा की राजनीति हमेशा के लिए हाशिए पर रहे। जब परिसीमन किया जा रहा था। उस समय राव इंद्रजीत सिंह ने जमकर इसका विरोध किया था। यहा तक की उस समय के सीएम भूपेंद्र हुडडा से बातचीत की। जब उन्हें लगा की हुडडा अपनी साजिशों में कामयाब हो जाएगा। राव इंद्रजीत सिंह ने तुरंत प्रभाव से प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह को स्थिति से अवगत कराया। पीएम ने हुडडा से सीधे बातचीत की। हुडडा ने विश्वास दिलाया की परिसीमन में सभी की भावनाओं का सम्मान किया जाएगा। परिसीमन कमेटी के अध्यक्ष पंजाब हरियाणा हाईकोर्ट के जज नियुक्त किए गए थे। उन्होंने भी विश्वास दिलाया की ऐसा कुछ नही होगा। सभी की आपत्तियां आ चुकी है। इतना सबकुछ विश्वास करने के बाद इलाका शांत हो गया लेकिन यह हुडडा सरकार का छलावा निकला। रिपोर्ट आई तो कांग्रेस सरकार ने वही किया जो वह चाहती थी। उनका मकसद अहीरवाल को इतने टुकड़ों में बांट दिया की भविष्य में यहां से कोई बड़ा नेतृत्व करने की हिम्मत नही दिखा पाए। अब 2026 में परिसीमन होने जा रहा है। अगर गलती से हुडडा सरकार आ गई तो वे सबसे पहले अहीरवाल को पूरी तरह से खत्म करने का काम करेंगे। भाजपा नेता ने कहा की यह चुनाव हम अपने आत्मसम्मान एवं स्वाभिमान के लिए लड़ रहे हैं। इसलिए कांग्रेस को वोट देना सीधे तौर पर पाप करना है।