खुलासा: भाजपा सरकार में यह क्या हो रहा है..

कोसली में जरूरतमंदों को मिलने वाली मदद भाजपाई पदाधिकारियों- कार्यकर्ता ने आपस में बांट ली


रणघोष खास. सुभाष चौधरी


हरियाणा में सरकार चला रही भाजपा पार्टी के पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं को आखिर क्या हो रहा है। जरूरतमंद परिवारों की मदद के लिए समय समय पर जारी होने वाली ऐच्छिक ग्रांट बजाय सही पात्र को मिलने के भाजपाई पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ता अपने सीनियर्स की मदद से खुद ही बांट रहे हैं। इसका खुलासा किसी खुफिया एजेंसी या विपक्षी पार्टी ने नहीं पार्टी के जिम्मेदार एवं सीनियर्स नेता सबूतों के साथ कर रहे हैं। सामने इसलिए नहीं आ रहे इससे पार्टी की छवि व आपसी गुटबाजी खुलकर सामने आ जाती है।

रणघोष को मिले प्रमाण एवं पुख्ता जानकारी के मुताबिक राज्य सरकार अपने जनप्रतिनिधियों  एवं पार्टी पदाधिकारियों की अनुशंसा पर ऐसे जरूरमंद परिवारों के लिए समय समय पर ऐच्छिक ग्रांट राशि जारी करती है जिसके तहत वे अपने घरों की मरम्मत, बेटी की शादी व अन्य जरूरी कार्य में खर्च कर सके। यह परपंरा कई सालों से चलती आ रही है। भाजपा पदाधिकारियों एवं सीनियर्स नेताओं ने नाम नहीं बताने की शर्त पर बताया कि कोसली में भाजपा मंडल के कुछ पदाधिकारियों एवं चेहतों को खुश करने के लिए जरूरतमंद परिवारों की इस राशि को बंदरबांट  की तरह बांट दिया गया। प्रशासन की तरफ से जारी एक पत्र रणघोष को दिया गया है जिसमें  जो व्यक्तियों के नाम घरों की मरम्मत के नाम पर  80-80 हजार रुपए की ग्रांट जारी करने की रिपोर्ट मांगी गई है। जिनके नाम यह राशि जारी करना बताया गया है उसमें इंद्रजीत पुत्र सुरेंद्र कुमार गांव शादीपुर तहसील एवं जिला रेवाड़ी व कमल सिंह पुत्र कृष्ण कुमार गांव खेड़ा आलमपुर तहसील एवं जिला रेवाड़ी के नाम शामिल है। भाजपा पदाधिकारियों का दावा है कि जिन्हें यह राशि दी गई वे भाजपा पदाधिकारी है। इसी तरह कोसली के सभी मंडलों में पदाधिकारी एवं विशेष कार्यकर्ताओं को अलग अलग स्कीम  व योजनाओं के तहत  हजारों रुपए की ग्रांट दी जा चुकी है। हैरान करने वाली बात यह है कि इसमें अधिकांश कार्यकर्ता एवं पदाधिकारी आर्थिक तौर पर संपन्न है। जिन्हें मकान की मरम्मत के नाम पर ग्रांट मिली है उसके घर में एसी व गाड़ी समेत अनेक तरह की सुविधा है। इतना ही नहीं जिन्हें यह राशि मिली है उसमें कोई बीपीएल एवं एससी- एसटी एवं आर्थिक तौर पर कमजोर नहीं है।

तीन दिन पहले विधायक लक्ष्मण यादव ने कहा था भ्रष्टाचार बर्दास्त नहीं होगा

तीन दिन पहले कोसली से भाजपा विधायक लक्ष्मण सिंह यादव ने अधिकारियों की मीटिंग में स्पष्ट किया था कि किसी भी कार्य में भ्रष्टाचार को बर्दास्त नहीं किया जाएगा। ऐसे में इस तरह के मामले सामने आने के बाद यह सवाल खड़े हो गए हैं कि चेहतों को रेवड़ी की तरह बांटी गई ऐच्छिक ग्रांट की निष्पक्ष जांच होगी या उसे इधर  उधर दबा दिया जाएगा। यह देखने वाली बात होगी।

हम रिपोर्ट जुटा रहे हैं हाईकमान को कराएंगे अवगत

कोसली से जुड़े भाजपा के सीनियर्स पदाधिकारी व कार्यकर्ताओं ने कहा कि जिस तरह भाजपा पदाधिकारियों एवं चेहतों ने मिलकर जरूरतमंदों की ग्रांट आपस में ही बांट ली। वह सीधे तौर पर पार्टी की गरिमा के खिलाफ है। यह किसके कहने और इशारे पर हुआ। इसकी जांच होनी चाहिए।

डीसी की नजर में यह मामला आना जरूरी है

इन पदाधिकारियों ने कहा कि प्रशासनिक स्तर पर कुछ कर्मचारियों ने भी गलत भूमिका निभाई है। उन्होंने पता होते हुए भी ग्रांट की प्रक्रिया को पूरा किया। इस बारे में उपायुक्त अशोक कुमार गर्ग को भी अवगत कराया जाएगा। हम किसी सूरत में पार्टी की छवि को धूमिल नहीं होने देंगे।